UPSC Prelims 2025 Question Paper
Explore the complete solved question paper for UPSC Prelims 2025 featuring 100 solved questions with bilingual (English & Hindi) explanations, official answer key, and subject weightage breakdown.
चौरी चौरा घटना के बाद गिरफ्तार किए गए लोगों को किसने कानूनी सुरक्षा प्रदान की?
Detailed Explanation:
चौरी-चौरा घटना (1922) के बाद बड़ी संख्या में लोगों को गिरफ्तार किया गया और कई लोगों को मृत्युदंड दिया गया।
-
मदन मोहन मालवीय और उनके पुत्र कृष्णकांत ने आरोपियों की कानूनी पैरवी की।
-
उनकी दलीलों के कारण कई मृत्युदंड कम कर दिए गए और अनेक लोगों की जान बच गई।
-
इसलिए सही उत्तर विकल्प B है।
अन्य विकल्प गलत क्यों हैं?
| विकल्प | कारण |
|---|---|
| सी. आर. दास | वे प्रसिद्ध वकील और नेता थे, लेकिन इस मामले की पैरवी उन्होंने नहीं की। |
| डॉ. सैफुद्दीन किचलू और ख्वाजा हसन निजामी | इनका संबंध इस मुकदमे से नहीं था। |
| एम. ए. जिन्ना | उन्होंने चौरी-चौरा आरोपियों की कानूनी सहायता नहीं की थी। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: चौरी-चौरा घटना (1922)
क्या हुआ था?
-
4 फरवरी 1922 को उत्तर प्रदेश के चौरी-चौरा में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हिंसक झड़प हुई।
-
भीड़ ने पुलिस थाने में आग लगा दी, जिसमें 22 पुलिसकर्मियों की मृत्यु हो गई।
प्रभाव
-
Mahatma Gandhi ने इसे अहिंसा के सिद्धांत के विरुद्ध माना।
-
इसके बाद असहयोग आंदोलन वापस ले लिया गया।
महत्वपूर्ण तथ्य
-
प्रारंभ में 172 लोगों को मृत्युदंड दिया गया था, लेकिन मदन मोहन मालवीय और कृष्णकांत की कानूनी पैरवी से अधिकांश सजाएँ कम कर दी गईं।
निम्नलिखित में से कौन 'आत्म-सम्मान आंदोलन' का संस्थापक था?
Detailed Explanation:
सेल्फ-रिस्पेक्ट मूवमेंट (आत्म-सम्मान आंदोलन) की शुरुआत पेरियार ई. वी. रामास्वामी नायकर ने 1925 में की थी।
-
इस आंदोलन का उद्देश्य जाति-भेद, सामाजिक असमानता और ब्राह्मणवादी वर्चस्व का विरोध करना था।
-
पेरियार ने तर्कवाद, महिला अधिकारों और सामाजिक समानता को बढ़ावा दिया।
-
अतः सही उत्तर विकल्प A है।
अन्य विकल्प गलत क्यों हैं?
| विकल्प | कारण |
|---|---|
| डॉ. बी. आर. आंबेडकर | दलित अधिकारों के महान नेता थे, लेकिन सेल्फ-रिस्पेक्ट मूवमेंट के संस्थापक नहीं थे। |
| भास्करराव जाधव | महाराष्ट्र के गैर-ब्राह्मण आंदोलन से जुड़े थे। |
| दिनकरराव जावळकर | समाज सुधारक थे, लेकिन इस आंदोलन के संस्थापक नहीं थे। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: सेल्फ-रिस्पेक्ट मूवमेंट
क्या था यह आंदोलन?
-
1925 में E. V. Ramasamy द्वारा शुरू किया गया।
-
इसका उद्देश्य समानता और आत्म-सम्मान पर आधारित समाज बनाना था।
मुख्य उद्देश्य
-
जातिगत भेदभाव समाप्त करना।
-
अस्पृश्यता का विरोध।
-
महिलाओं के अधिकारों को बढ़ावा देना।
-
तर्कवाद और वैज्ञानिक सोच का प्रचार।
महत्वपूर्ण तथ्य
-
यह आंदोलन आगे चलकर द्रविड़ आंदोलन का आधार बना और तमिलनाडु की राजनीति पर गहरा प्रभाव पड़ा।
निम्नलिखित फलों पर विचार करें:
I. पपीता
II. अनानास
III. अमरूद
उपरोक्त में से कितने को सोलहवीं और सत्रहवीं शताब्दी में पुर्तगालियों द्वारा भारत में पेश किया गया था?
Detailed Explanation:
16वीं–17वीं शताब्दी में पुर्तगालियों ने अमेरिका से कई फसलें और फल भारत में लाकर परिचित कराए।
-
I. पपीता ✅ – मूल रूप से मध्य अमेरिका का फल है; पुर्तगालियों द्वारा भारत लाया गया।
-
II. अनानास ✅ – दक्षिण अमेरिका का मूल फल; पुर्तगालियों ने भारत में परिचित कराया।
-
III. अमरूद ✅ – मध्य अमेरिका का मूल फल; भारत में पुर्तगालियों द्वारा लाया गया।
-
अतः तीनों फल पुर्तगालियों द्वारा भारत में लाए गए थे, इसलिए सही उत्तर विकल्प C है।
📝 संक्षिप्त नोट्स: भारतीय कृषि में पुर्तगालियों का योगदान
पुर्तगालियों द्वारा लाई गई प्रमुख फसलें/फल
-
पपीता
-
अनानास
-
अमरूद
-
काजू
-
तंबाकू
-
मक्का
-
टमाटर
-
आलू
-
मिर्च
महत्त्व
-
ये फसलें मूल रूप से अमेरिका की थीं।
-
बाद में भारतीय कृषि और भोजन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गईं।
महत्वपूर्ण तथ्य
-
भारतीय भोजन पर सबसे बड़ा प्रभाव मिर्च (Chilli) के आगमन का माना जाता है।
🧐 Not Sure What to Study Next?
Get a personalised study plan based on your goals, time and revision needs.
'राजद्रोह मेरा धर्म बन गया है' यह प्रसिद्ध कथन गांधीजी ने किस समय दिया था?
Detailed Explanation:
"Sedition has become my religion" कथन महात्मा गांधी द्वारा नमक सत्याग्रह (1930) और सविनय अवज्ञा आंदोलन के दौरान कहा गया माना जाता है।
गांधीजी का मानना था कि जब सरकार अन्यायपूर्ण हो जाए, तो उसके विरुद्ध अहिंसक विरोध करना नैतिक कर्तव्य बन जाता है। दांडी में नमक कानून तोड़ना इसी विचार का प्रतीक था।
अन्य विकल्प गलत क्यों हैं:
| विकल्प | कारण |
|---|---|
| चंपारण सत्याग्रह | यह नील किसानों की समस्या से जुड़ा आंदोलन था। |
| द्वितीय गोलमेज सम्मेलन | यह लंदन में संवैधानिक चर्चा थी। |
| भारत छोड़ो आंदोलन | यह 1942 में शुरू हुआ, जो काफी बाद की घटना है। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: नमक सत्याग्रह
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| वर्ष | 1930 |
| नेतृत्व | महात्मा गांधी |
| यात्रा | साबरमती आश्रम से दांडी |
| उद्देश्य | ब्रिटिश नमक कर का विरोध |
| परिणाम | सविनय अवज्ञा आंदोलन की शुरुआत |
त्वरित तथ्य:
दांडी मार्च ने स्वतंत्रता आंदोलन को जन-आंदोलन का रूप दिया और पूरी दुनिया का ध्यान भारत की ओर खींचा।
प्राचीन भारत में निम्नलिखित शासकों में से किसने 'मत्तविलास', 'विचित्राचित्त' और 'गुणभारा' की उपाधियाँ धारण की थीं?
Detailed Explanation:
✅ महेंद्रवर्मन प्रथम पल्लव वंश के प्रसिद्ध शासक थे, जो कला, साहित्य और स्थापत्य के संरक्षक माने जाते हैं।
उन्होंने ‘मत्तविलास’, ‘विचित्रचित्त’ और ‘गुणभारा’ जैसी उपाधियाँ धारण की थीं। उन्होंने ‘मत्तविलास प्रहसन’ नामक संस्कृत नाटक की भी रचना की थी।
अन्य विकल्प गलत क्यों हैं:
| विकल्प | कारण |
|---|---|
| सिंहविष्णु | पल्लव शासक थे, लेकिन इन उपाधियों से नहीं जाने जाते थे। |
| नरसिंहवर्मन प्रथम | पुलकेशिन द्वितीय को हराने के लिए प्रसिद्ध थे, पर इन उपाधियों से नहीं जुड़े हैं। |
| सिंहवर्मन | प्रारम्भिक पल्लव शासक थे, इन उपाधियों से प्रसिद्ध नहीं थे। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: महेंद्रवर्मन प्रथम
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| वंश | पल्लव |
| काल | 7वीं शताब्दी ईस्वी |
| राजधानी | कांचीपुरम |
| प्रमुख उपाधियाँ | मत्तविलास, विचित्रचित्त, गुणभारा |
| रचना | मत्तविलास प्रहसन |
| योगदान | शैलकृत (Rock-cut) मंदिर वास्तुकला को बढ़ावा दिया |
त्वरित तथ्य:
दक्षिण भारत में शैलकृत मंदिर स्थापत्य की शुरुआत महेंद्रवर्मन प्रथम के समय से मानी जाती है।
निम्नलिखित देशों पर विचार करें:
I. ऑस्ट्रिया
II. बुल्गारिया
III. क्रोएशिया
IV. सर्बिया
V. स्वीडन
VI. उत्तर मैसेडोनिया
उपरोक्त में से कितने उत्तर अटलांटिक संधि संगठन के सदस्य हैं?
Detailed Explanation:
दिए गए देशों में बुल्गारिया, क्रोएशिया, स्वीडन और नॉर्थ मैसेडोनिया NATO के सदस्य हैं।
-
❌ ऑस्ट्रिया NATO का सदस्य नहीं है और तटस्थता की नीति अपनाता है।
-
❌ सर्बिया NATO का सदस्य नहीं है, हालांकि वह Partnership for Peace कार्यक्रम में शामिल है।
-
✅ बुल्गारिया, ✅ क्रोएशिया, ✅ स्वीडन और ✅ नॉर्थ मैसेडोनिया NATO सदस्य हैं।
इस प्रकार, कुल 4 देश NATO के सदस्य हैं।
देशवार स्थिति:
| देश | NATO सदस्य? |
|---|---|
| ऑस्ट्रिया | ❌ नहीं |
| बुल्गारिया | ✅ हाँ |
| क्रोएशिया | ✅ हाँ |
| सर्बिया | ❌ नहीं |
| स्वीडन | ✅ हाँ |
| नॉर्थ मैसेडोनिया | ✅ हाँ |
फरवरी 2025 में ग्रैंड पैलैस, पेरिस में आयोजित एआई एक्शन समिट के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. भारत के साथ सह-अध्यक्षता में, यह आयोजन 2023 में आयोजित बैलेचले पार्क शिखर सम्मेलन और 2024 में आयोजित सियोल शिखर सम्मेलन में हुई प्रगति पर आधारित है।
II. अन्य देशों के साथ, अमेरिका और ब्रिटेन ने भी समावेशी और टिकाऊ एआई पर घोषणा पर हस्ताक्षर किए।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
✅ कथन I सही है: फरवरी 2025 में पेरिस के ग्रैंड पैलेस में आयोजित AI Action Summit की सह-अध्यक्षता भारत और फ्रांस ने की थी। यह सम्मेलन Bletchley Park Summit (2023) और Seoul Summit (2024) में हुई प्रगति पर आधारित था।
❌ कथन II गलत है: Inclusive and Sustainable AI Declaration पर 58 देशों ने हस्ताक्षर किए थे, लेकिन अमेरिका और ब्रिटेन ने इस घोषणा पर हस्ताक्षर नहीं किए।
इसलिए केवल कथन I सही है।
निम्नलिखित जोड़ियों पर विचार करें:
I. महिला किसान का अंतर्राष्ट्रीय वर्ष: 2026
II. सतत और लचीले पर्यटन का अंतर्राष्ट्रीय वर्ष: 2027
III. शांति और विश्वास का अंतर्राष्ट्रीय वर्ष: 2025
IV. क्षुद्रग्रह जागरूकता और ग्रह रक्षा का अंतर्राष्ट्रीय वर्ष: 2029
ऊपर दिए गए कितने जोड़े सही सुमेलित हैं?
Detailed Explanation:
दिए गए सभी युग्म सही हैं और संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित अंतरराष्ट्रीय वर्षों से संबंधित हैं।
✅ युग्म I: International Year of the Woman Farmer — 2026
✅ युग्म II: International Year of Sustainable and Resilient Tourism — 2027
✅ युग्म III: International Year of Peace and Trust — 2025
✅ युग्म IV: International Year of Asteroid Awareness and Planetary Defence — 2029
अतः सभी चार युग्म सही मिलाए गए हैं।
BIMSTEC के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. यह एक क्षेत्रीय संगठन है जिसमें जनवरी 2025 तक सात सदस्य देश शामिल होंगे।
II. यह ढाका घोषणा, 1999 पर हस्ताक्षर के साथ अस्तित्व में आया।
III. बांग्लादेश, भारत, श्रीलंका, थाईलैंड और नेपाल बिम्सटेक के संस्थापक सदस्य देश हैं।
IV. बिम्सटेक में पर्यटन के उपक्षेत्र का नेतृत्व भारत कर रहा है।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
BIMSTEC (बे ऑफ बंगाल इनिशिएटिव फॉर मल्टी-सेक्टोरल टेक्निकल एंड इकोनॉमिक कोऑपरेशन) दक्षिण एशिया और दक्षिण-पूर्व एशिया के देशों का एक क्षेत्रीय संगठन है। इसका उद्देश्य व्यापार, संपर्क, ऊर्जा, सुरक्षा और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाना है।
✅ कथन I सही है: जनवरी 2025 तक BIMSTEC में 7 सदस्य देश थे — बांग्लादेश, भूटान, भारत, म्यांमार, नेपाल, श्रीलंका और थाईलैंड।
❌ कथन II गलत है: BIMSTEC की स्थापना 1997 के बैंकॉक घोषणा-पत्र (Bangkok Declaration) से हुई थी, न कि ढाका घोषणा-पत्र से।
❌ कथन III गलत है: नेपाल BIMSTEC का संस्थापक सदस्य नहीं था। संस्थापक सदस्य बांग्लादेश, भारत, श्रीलंका, थाईलैंड और म्यांमार थे।
❌ कथन IV गलत है: BIMSTEC में पर्यटन (Tourism) क्षेत्र का नेतृत्व नेपाल करता है, भारत नहीं।
अतः केवल कथन I सही है।
निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. 2024 में आयोजित 45वें शतरंज ओलंपियाड के फाइनल में रूसी खिलाड़ी इयान नेपोम्नियाचची को हराकर गुकेश डोमराजू दुनिया के सबसे कम उम्र के विजेता बने।
II. अमेरिकी शतरंज खिलाड़ी अभिमन्यु मिश्रा के नाम दुनिया के सबसे कम उम्र के ग्रैंडमास्टर बनने का रिकॉर्ड है।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
कथन I गलत है: 45वां शतरंज ओलंपियाड (2024) एक टीम-आधारित टूर्नामेंट है जो स्विस-सिस्टम प्रारूप में खेला जाता है, न कि "फाइनल" मैच के साथ एक व्यक्तिगत नॉकआउट प्रतियोगिता। जबकि भारत ने स्वर्ण पदक जीता और गुकेश डोमराजू ने बोर्ड 1 पर व्यक्तिगत स्वर्ण जीता, उन्होंने फाइनल में इयान नेपोम्नियाचची को नहीं हराया; FIDE द्वारा रूसी टीमों को 2024 ओलंपियाड से निलंबित कर दिया गया था।
कथन II सही है: अभिमन्यु मिश्रा, एक अमेरिकी शतरंज खिलाड़ी, जून 2021 में 12 साल, 4 महीने और 25 दिन की उम्र में दुनिया के सबसे कम उम्र के ग्रैंडमास्टर बन गए, उन्होंने सर्गेई कारजाकिन के पिछले रिकॉर्ड को तोड़ दिया।
खो खो विश्व कप के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. यह कार्यक्रम दिल्ली, भारत में आयोजित किया गया था।
II. भारतीय पुरुष फाइनल में नेपाल को 78-40 के स्कोर से हराकर पुरुष वर्ग में विश्व चैंपियन बने।
III. भारतीय महिलाएं फाइनल में नेपाल को 54-36 के स्कोर से हराकर महिला वर्ग में विश्व चैंपियन बनीं।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
✅ कथन I: सही उद्घाटन खो खो विश्व कप 13-19 जनवरी, 2025 तक नई दिल्ली, भारत में आयोजित किया गया था।
❌ कथन II: ग़लत भारत ने पुरुषों का फ़ाइनल जीतने के लिए नेपाल को 54-36 (78-40 नहीं) से हराया।
❌ कथन III: ग़लत महिलाओं के फ़ाइनल में भारत ने नेपाल को 78-40 (54-36 नहीं) से हराया।
अतिरिक्त संदर्भ: 24 देशों ने भाग लिया, और यह कार्यक्रम भारतीय खो खो महासंघ द्वारा अंतर्राष्ट्रीय खो खो महासंघ के साथ आयोजित किया गया था।
इसलिए, केवल कथन I सही है।
ब्रिक्स के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. 16वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन रूस की अध्यक्षता में कज़ान में आयोजित किया गया।
II. इंडोनेशिया ब्रिक्स का पूर्ण सदस्य बन गया है।
III. 16वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन का विषय न्यायसंगत वैश्विक विकास और सुरक्षा के लिए बहुसंस्कृतिवाद को मजबूत करना था।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
कथन I सही है: 16वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 22 से 24 अक्टूबर, 2024 तक कज़ान, रूस में आयोजित किया गया था। रूस ने वर्ष 2024 के लिए घूर्णनशील अध्यक्षता संभाली।
कथन II सही है: इंडोनेशिया ने आधिकारिक तौर पर ब्रिक्स में शामिल होने के अपने इरादे की घोषणा की और वैश्विक दक्षिण से प्रमुख उभरती अर्थव्यवस्थाओं को शामिल करने के लिए समूह के चल रहे विस्तार के हिस्से के रूप में, कज़ान में 16 वें शिखर सम्मेलन के बाद इसे पूर्ण सदस्य के रूप में ब्लॉक में एकीकृत किया गया है।
कथन III ग़लत है: 16वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन का आधिकारिक विषय था "न्यायसंगत वैश्विक विकास और सुरक्षा के लिए बहुपक्षवाद को मजबूत करना।" कथन में "बहुसंस्कृतिवाद" शब्द का गलत उपयोग किया गया है, जो विषय का राजनयिक अर्थ बदल देता है।
भारत इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर (INSTC) के संस्थापक सदस्यों में से एक है, जो एक मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्टेशन कॉरिडोर है, जो जुड़ेगा
Detailed Explanation:
INSTC भारत → ईरान → मध्य एशिया/रूस → यूरोप को जोड़ता है, समुद्र, रेल और सड़क के मिश्रण से।
मार्ग इस प्रकार है: मुंबई (भारत) → बंदर अब्बास (ईरान) → अज़रबैजान/रूस → यूरोप, साथ ही मध्य एशिया तक भी शाखाएँ।
अन्य विकल्प गलत क्यों:
| विकल्प | समस्या |
|---|---|
| विकल्प 2 | गलत मार्ग — INSTC ईरान से होकर जाता है, चीन से नहीं |
| विकल्प 3 | पूरी तरह अलग गलियारा — यह एक्ट ईस्ट पॉलिसी से संबंधित है |
| विकल्प 4 | अधूरा — अज़रबैजान केवल एक पड़ाव है, पूरा मार्ग ईरान से पहले शुरू होता है |
📝 संक्षिप्त नोट्स: INSTC
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| पूरा नाम | अंतर्राष्ट्रीय उत्तर-दक्षिण परिवहन गलियारा |
| स्थापना | 2000, भारत, ईरान और रूस द्वारा |
| प्रकार | बहुविधि (समुद्र + रेल + सड़क) |
| मार्ग | मुंबई → बंदर अब्बास (ईरान) → कैस्पियन सागर/अज़रबैजान/रूस → यूरोप |
| लंबाई | ~7,200 किमी |
| उद्देश्य | भारत-यूरोप/मध्य एशिया/रूस के बीच समय/लागत कम करना |
| भारत के लिए महत्व | पाकिस्तान को बायपास करता है; स्वेज नहर मार्ग पर निर्भरता कम |
| चाबहार बंदरगाह संबंध | ईरान का चाबहार बंदरगाह एक प्रमुख नोड, भारत की सहायता से विकसित |
भारत सरकार के संदर्भ में निम्नलिखित जानकारी पर विचार करें:
With reference to the Government of India, consider the following information:
| संगठन | इसके कुछ कार्य | अंतर्गत काम करता है |
|---|---|---|
| Directorate of Enforcement | Enforcement of the Fugitive Economic Offenders Act, 2018 | Internal Security Division-I, Ministry of Home Affairs |
| Directorate of Revenue Intelligence | Enforces the provisions of the Customs Act, 1962 | Department of Revenue, Ministry of Finance |
| Directorate General of Systems and Data Management | Carrying out big data analytics to assist tax officers for better policy and nabbing tax evaders | Department of Revenue, Ministry of Finance |
In how many of the above rows is the information correctly matched?
उपरोक्त पंक्तियों में से कितनी पंक्तियों में जानकारी सही ढंग से मेल खाती है?
Detailed Explanation:
❌ पंक्ति 1 गलत है: प्रवर्तन निदेशालय (ED) Fugitive Economic Offenders Act, 2018 को लागू करता है, लेकिन यह गृह मंत्रालय के नहीं बल्कि वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग के अंतर्गत कार्य करता है।
✅ पंक्ति 2 सही है: राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) Customs Act, 1962 के प्रावधानों को लागू करता है और वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग के अंतर्गत कार्य करता है।
❌ पंक्ति 3 गलत है: DGSDM का मुख्य कार्य CBIC की IT प्रणालियों का संचालन और रखरखाव है। कर चोरी पकड़ने के लिए Big Data Analytics का कार्य DGARM करता है।
अतः केवल एक पंक्ति सही मिलान है।
अन्य पंक्तियाँ गलत क्यों हैं:
| पंक्ति | कारण |
|---|---|
| पंक्ति 1 | ED गृह मंत्रालय नहीं, बल्कि वित्त मंत्रालय के अधीन है |
| पंक्ति 3 | बिग डेटा एनालिटिक्स DGARM का कार्य है, DGSDM का नहीं |
निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. लोक सभा के विघटन पर, अध्यक्ष विघटन के बाद लोक सभा की पहली बैठक से ठीक पहले तक अपना कार्यालय खाली नहीं करेगा।
II. भारत के संविधान के प्रावधानों के अनुसार, लोक सभा के एक सदस्य को अध्यक्ष के रूप में चुने जाने पर तुरंत अपने राजनीतिक दल से इस्तीफा देना होगा।
III. लोक सभा के अध्यक्ष को लोक सभा के सभी तत्कालीन सदस्यों के बहुमत से पारित एक प्रस्ताव द्वारा उसके कार्यालय से हटाया जा सकता है, बशर्ते कि कोई भी प्रस्ताव तब तक पेश नहीं किया जाएगा जब तक कि प्रस्ताव को आगे बढ़ाने के इरादे से कम से कम चौदह दिन का नोटिस न दिया गया हो।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा सही है?
Detailed Explanation:
लोकसभा भंग होने के बाद भी स्पीकर अपने पद पर बने रहते हैं और नई लोकसभा की पहली बैठक से ठीक पहले पद छोड़ते हैं। साथ ही, स्पीकर को हटाने के लिए लोकसभा में 14 दिन की पूर्व सूचना के साथ बहुमत से प्रस्ताव पारित करना होता है।
लेकिन संविधान में कहीं भी यह नहीं कहा गया है कि स्पीकर बनने पर सदस्य को अपनी राजनीतिक पार्टी से इस्तीफा देना होगा। यह केवल निष्पक्षता की एक परंपरा है।
अन्य कथन क्यों गलत हैं:
| कथन | स्थिति | कारण |
|---|---|---|
| I | ✅ सही | लोकसभा भंग होने के बाद भी स्पीकर पद पर बने रहते हैं। |
| II | ❌ गलत | पार्टी से इस्तीफा देना संवैधानिक अनिवार्यता नहीं है। |
| III | ✅ सही | 14 दिन की सूचना और सदन के बहुमत से हटाया जा सकता है। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: लोकसभा अध्यक्ष (Speaker)
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| संबंधित अनुच्छेद | अनुच्छेद 93 एवं 94 |
| चुनाव | लोकसभा के सदस्य करते हैं |
| कार्यकाल | नई लोकसभा की पहली बैठक तक जारी रहता है |
| हटाने की प्रक्रिया | सदन के बहुमत से |
| पूर्व सूचना | 14 दिन |
| पार्टी छोड़ना | संविधान में अनिवार्य नहीं |
त्वरित तथ्य:
लोकसभा अध्यक्ष से निष्पक्ष रहने की अपेक्षा की जाती है, लेकिन भारतीय संविधान उन्हें पार्टी सदस्यता छोड़ने के लिए बाध्य नहीं करता।
निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
कथन I: भारत में, राज्य सरकारों के पास लघु खनिजों के निष्कर्षण के संबंध में रियायतें देने के लिए नियम बनाने की कोई शक्ति नहीं है, भले ही ऐसे खनिज उनके क्षेत्रों में स्थित हों।
कथन II: भारत में, केंद्र सरकार के पास संबंधित कानून के तहत लघु खनिजों को अधिसूचित करने की शक्ति है।
उपरोक्त कथनों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा सही है?
Detailed Explanation:
खनिज और खदान (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 (MMDR Act) के तहत राज्य सरकारों को लघु खनिजों (Minor Minerals) के लिए पट्टे और अन्य रियायतों से संबंधित नियम बनाने का अधिकार है।
वहीं केंद्र सरकार यह निर्धारित करती है कि कौन-से खनिज लघु खनिज (Minor Minerals) की श्रेणी में आएंगे।
कथन सही/गलत क्यों हैं:
| कथन | स्थिति | कारण |
|---|---|---|
| I | ❌ गलत | राज्य सरकारों को लघु खनिजों के लिए रियायत संबंधी नियम बनाने का अधिकार है। |
| II | ✅ सही | केंद्र सरकार लघु खनिजों की अधिसूचना जारी करती है। |
याद रखने की ट्रिक:
"वर्गीकरण केंद्र का, नियमन राज्य का।" → केंद्र खनिज को Minor Mineral घोषित करता है, राज्य उसके उपयोग और खनन को नियंत्रित करते हैं।
📝 संक्षिप्त नोट्स: लघु खनिज (Minor Minerals)
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| संबंधित कानून | MMDR Act, 1957 |
| वर्गीकरण का अधिकार | केंद्र सरकार |
| रियायत/पट्टा नियम | राज्य सरकार |
| उदाहरण | रेत, बजरी, मिट्टी, साधारण पत्थर |
| उपयोग | निर्माण कार्य और स्थानीय खनन |
त्वरित तथ्य:
लघु खनिजों का प्रशासन मुख्य रूप से राज्य सरकारें करती हैं, लेकिन उन्हें "लघु खनिज" घोषित करने का अधिकार केंद्र सरकार के पास होता है।
लोकपाल के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. लोकपाल की शक्तियाँ भारत के लोक सेवकों पर लागू होती हैं, लेकिन भारत के बाहर तैनात भारतीय लोक सेवकों पर नहीं।
II. अध्यक्ष या सदस्य संसद का सदस्य या किसी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश के विधानमंडल का सदस्य नहीं होगा, और केवल भारत के मुख्य न्यायाधीश, चाहे मौजूदा या सेवानिवृत्त हों, को इसका अध्यक्ष होना चाहिए।
III. जैसा भी मामला हो, अध्यक्ष या सदस्य के रूप में पदभार ग्रहण करने की तिथि पर अध्यक्ष या सदस्य पैंतालीस वर्ष से कम आयु का व्यक्ति नहीं होगा।
IV. लोकपाल भारत के मौजूदा प्रधान मंत्री के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच नहीं कर सकता।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
लोकपाल और लोकायुक्त अधिनियम, 2013 के तहत लोकपाल एक राष्ट्रीय भ्रष्टाचार-निरोधक संस्था है। यह सार्वजनिक सेवकों के विरुद्ध भ्रष्टाचार के मामलों की जांच कर सकता है, और कुछ शर्तों के साथ प्रधानमंत्री भी इसके दायरे में आते हैं।
केवल कथन III सही है क्योंकि लोकपाल का अध्यक्ष या सदस्य बनने के लिए व्यक्ति की आयु कम से कम 45 वर्ष होनी चाहिए।
अन्य कथन गलत क्यों हैं:
| कथन | स्थिति | कारण |
|---|---|---|
| I | ❌ गलत | लोकपाल का अधिकार क्षेत्र विदेश में तैनात भारतीय लोक सेवकों पर भी लागू होता है। |
| II | ❌ गलत | केवल CJI ही अध्यक्ष नहीं बन सकते; पूर्व न्यायाधीश या प्रतिष्ठित व्यक्ति भी नियुक्त हो सकते हैं। |
| III | ✅ सही | अध्यक्ष या सदस्य बनने के लिए न्यूनतम आयु 45 वर्ष है। |
| IV | ❌ गलत | लोकपाल कुछ शर्तों और सुरक्षा प्रावधानों के साथ वर्तमान प्रधानमंत्री की भी जांच कर सकता है। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: लोकपाल
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| स्थापना | लोकपाल एवं लोकायुक्त अधिनियम, 2013 |
| उद्देश्य | भ्रष्टाचार की जांच |
| न्यूनतम आयु | 45 वर्ष |
| अधिकार क्षेत्र | सार्वजनिक सेवक एवं कुछ मामलों में प्रधानमंत्री |
| अध्यक्ष | पूर्व CJI, सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश या प्रतिष्ठित व्यक्ति |
| सदस्य | न्यायिक एवं गैर-न्यायिक सदस्य |
त्वरित तथ्य:
लोकपाल में एक अध्यक्ष और अधिकतम 8 सदस्य हो सकते हैं, जिनमें कम से कम 50% सदस्य SC, ST, OBC, अल्पसंख्यक या महिलाओं में से होते हैं।
निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. यदि कोई प्रश्न उठता है कि क्या लोक सभा का कोई सदस्य दसवीं अनुसूची के तहत अयोग्यता का विषय बन गया है, तो केंद्रीय मंत्रिपरिषद की राय के अनुसार राष्ट्रपति का निर्णय अंतिम होगा।
II. भारत के संविधान में 'राजनीतिक दल' शब्द का कोई उल्लेख नहीं है।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा सही है?
Detailed Explanation:
दोनों कथन सही नहीं हैं। दसवीं अनुसूची (Anti-Defection Law) के तहत सांसद की अयोग्यता का निर्णय लोकसभा अध्यक्ष (Speaker) या राज्यसभा सभापति (Chairman) करते हैं, राष्ट्रपति नहीं।
इसके अलावा, "Political Party" शब्द संविधान की दसवीं अनुसूची में स्पष्ट रूप से उल्लेखित है।
कथन गलत क्यों हैं:
| कथन | स्थिति | कारण |
|---|---|---|
| I | ❌ गलत | अयोग्यता का निर्णय स्पीकर/चेयरमैन लेते हैं, राष्ट्रपति नहीं। |
| II | ❌ गलत | "Political Party" शब्द दसवीं अनुसूची में मौजूद है। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: दल-बदल विरोधी कानून
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| जोड़ा गया | 52वाँ संविधान संशोधन, 1985 |
| संबंधित प्रावधान | दसवीं अनुसूची |
| निर्णय लेने वाला | लोकसभा अध्यक्ष / राज्यसभा सभापति |
| उद्देश्य | राजनीतिक दल-बदल को रोकना |
| अयोग्यता का आधार | पार्टी छोड़ना या व्हिप का उल्लंघन |
त्वरित तथ्य:
दल-बदल विरोधी कानून का उद्देश्य निर्वाचित प्रतिनिधियों द्वारा बार-बार पार्टी बदलने से उत्पन्न राजनीतिक अस्थिरता को रोकना है।
भारत के राष्ट्रपति की क्षमादान शक्ति के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. राष्ट्रपति द्वारा इस शक्ति का प्रयोग सीमित न्यायिक समीक्षा के अधीन किया जा सकता है।
II. राष्ट्रपति इस शक्ति का प्रयोग मंत्रिपरिषद की सलाह के बिना भी कर सकता है।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
राष्ट्रपति की क्षमादान शक्ति (अनुच्छेद 72) पूर्णतः असीमित नहीं है। यदि निर्णय मनमाना हो, दुर्भावना से लिया गया हो या अप्रासंगिक तथ्यों पर आधारित हो, तो न्यायालय सीमित न्यायिक समीक्षा कर सकता है।
लेकिन राष्ट्रपति यह शक्ति स्वतंत्र रूप से प्रयोग नहीं कर सकते। उन्हें मंत्रिपरिषद की सलाह के अनुसार कार्य करना होता है।
कथन सही/गलत क्यों हैं:
| कथन | स्थिति | कारण |
|---|---|---|
| I | ✅ सही | क्षमादान शक्ति पर सीमित न्यायिक समीक्षा संभव है। |
| II | ❌ गलत | राष्ट्रपति मंत्रिपरिषद की सलाह पर कार्य करते हैं। |
📝 संक्षिप्त नोट्स: राष्ट्रपति की क्षमादान शक्ति
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| संवैधानिक प्रावधान | अनुच्छेद 72 |
| शक्ति किसके पास | भारत के राष्ट्रपति |
| किसकी सलाह पर | मंत्रिपरिषद |
| न्यायिक समीक्षा | सीमित रूप से संभव |
| क्षमादान के प्रकार | Pardon, Reprieve, Respite, Remission, Commutation |
त्वरित तथ्य:
राष्ट्रपति कोर्ट-मार्शल, केंद्रीय कानूनों तथा मृत्युदंड से जुड़े मामलों में क्षमादान दे सकते हैं।
निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
I. मध्यवर्ती स्तर पर पंचायतें सभी राज्यों में मौजूद हैं।
II. मध्यवर्ती स्तर पर पंचायत का सदस्य बनने के लिए पात्र होने के लिए, व्यक्ति को तीस वर्ष की आयु प्राप्त करनी चाहिए।
III. राज्य के मुख्यमंत्री मध्यवर्ती स्तर पर पंचायतों की वित्तीय स्थिति की समीक्षा करने और राज्य द्वारा लगाए जाने वाले करों और कर्तव्यों की शुद्ध आय के वितरण के संबंध में राज्य और मध्यवर्ती स्तर पर पंचायतों के बीच सिफारिशें करने के लिए एक आयोग का गठन करते हैं।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा सही नहीं है?
Detailed Explanation:
तीनों कथन गलत हैं।
-
20 लाख से कम जनसंख्या वाले राज्यों में मध्यवर्ती स्तर (Intermediate Panchayat) अनिवार्य नहीं है।
-
पंचायत सदस्य बनने की न्यूनतम आयु 21 वर्ष है, 30 वर्ष नहीं।
-
राज्य वित्त आयोग (State Finance Commission) का गठन मुख्यमंत्री नहीं, बल्कि राज्यपाल करते हैं।
73वाँ संविधान संशोधन अधिनियम, 1992 ने पंचायती राज संस्थाओं को संवैधानिक दर्जा दिया। इसमें त्रिस्तरीय पंचायत व्यवस्था, नियमित चुनाव, आरक्षण तथा राज्य वित्त आयोग की व्यवस्था की गई है।
UPSC Prelims 2025 Questions Paper - Subject-wise Question Distribution
भारतीय राजव्यवस्था
18 Qs (18%)भारतीय अर्थव्यवस्था
16 Qs (16%)विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी
14 Qs (14%)पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी
13 Qs (13%)विश्व भूगोल
12 Qs (12%)आधुनिक इतिहास
8 Qs (8%)अंतरराष्ट्रीय संबंध
7 Qs (7%)प्राचीन इतिहास
6 Qs (6%)समसामयिकी
4 Qs (4%)मध्यकालीन इतिहास
1 Qs (1%)भारतीय कला और संस्कृति
1 Qs (1%)UPSC Prelims 2025 Question Paper - FAQs & Analysis
Q1 How many total questions were asked in UPSC Prelims 2025?
Q2 What is the subject-wise question breakdown for UPSC Prelims 2025?
- भारतीय राजव्यवस्था: 18 questions (18%)
- भारतीय अर्थव्यवस्था: 16 questions (16%)
- विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी: 14 questions (14%)
- पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी: 13 questions (13%)
- विश्व भूगोल: 12 questions (12%)
- आधुनिक इतिहास: 8 questions (8%)
- अंतरराष्ट्रीय संबंध: 7 questions (7%)
- प्राचीन इतिहास: 6 questions (6%)
- समसामयिकी: 4 questions (4%)
- मध्यकालीन इतिहास: 1 questions (1%)
- भारतीय कला और संस्कृति: 1 questions (1%)