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मिसाइल प्रौद्योगिकी Previous Year Questions (PYQs)
Practice solved questions for मिसाइल प्रौद्योगिकी with detailed step-by-step solutions, key insights, and trend analysis for UPSC CSE PRELIMS.
Solved Previous Year Questions
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निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- बैलिस्टिक मिसाइलें अपनी पूरी उड़ान के दौरान सबसोनिक गति पर जेट-संचालित होती हैं, जबकि क्रूज मिसाइलें केवल उड़ान के प्रारंभिक चरण में रॉकेट-संचालित होती हैं।
- अग्नि-V एक मध्यम दूरी की सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल है, जबकि ब्रह्मोस एक ठोस-ईंधन वाली अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
Detailed Explanation:
उत्तर: विकल्प 4 — न तो 1 और न ही 2
दोनों कथन बैलिस्टिक और क्रूज मिसाइलों की मौलिक विशेषताओं के साथ-साथ अग्नि-V और ब्रह्मोस मिसाइलों के विशिष्ट प्रकारों का गलत वर्णन करते हैं। आइए प्रत्येक कथन का मूल्यांकन करें:
❌ कथन 1 – गलत: कथन प्रणोदन विशेषताओं को गलत तरीके से अदल-बदल करता है। बैलिस्टिक मिसाइलें रॉकेट-संचालित होती हैं और सुपरसोनिक या हाइपरसोनिक गति से ऊंचे, चापाकार बैलिस्टिक पथ का अनुसरण करती हैं, जबकि क्रूज मिसाइलें जेट-संचालित होती हैं, वायुगतिकीय उत्थापन का उपयोग करते हुए कम ऊंचाई पर उड़ती हैं, और सबसोनिक, सुपरसोनिक, या हाइपरसोनिक हो सकती हैं।
❌ कथन 2 – गलत: कथन दोनों मिसाइलों का गलत वर्णन करता है। अग्नि-V एक ठोस-ईंधन वाली अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल (ICBM) है जिसकी सीमा 5,000 किमी से अधिक है, जो महाद्वीपों में लक्ष्यों पर वार करने में सक्षम है। ब्रह्मोस एक सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल (बैलिस्टिक मिसाइल नहीं) है जिसे भारत और रूस द्वारा संयुक्त रूप से विकसित किया गया है, जिसकी सीमा लगभग 450-600 किमी है।
📝 संक्षिप्त नोट्स: बैलिस्टिक बनाम क्रूज मिसाइलें
| विशेषता | बैलिस्टिक मिसाइलें | क्रूज मिसाइलें |
|---|---|---|
| प्रणोदन | रॉकेट-संचालित (प्रारंभिक बूस्ट चरण) | जेट-संचालित (वायु-श्वसन इंजन) पूरी उड़ान के दौरान |
| प्रक्षेपवक्र | ऊंचा, चापाकार बैलिस्टिक पथ; वायुमंडल से बाहर निकलता है और पुनः प्रवेश करता है | कम-ऊंचाई, वायुगतिकीय उत्थापन का उपयोग करते हुए भूभाग की आकृति का अनुसरण करता है |
| गति | सुपरसोनिक से हाइपरसोनिक | सबसोनिक, सुपरसोनिक, या हाइपरसोनिक |
| मार्गदर्शन | केवल बूस्ट चरण के दौरान निर्देशित; मुक्त-पतन अवरोहण | पूरी उड़ान के दौरान निरंतर निर्देशित |
| सीमा श्रेणियां | लघु (< 1,000 किमी), मध्यम (1,000-3,000 किमी), मध्यवर्ती (3,000-5,500 किमी), अंतरमहाद्वीपीय (> 5,500 किमी) | सामरिक (< 300 किमी), मध्यम (300-1,000 किमी), लंबी दूरी (> 1,000 किमी) |
| भारतीय उदाहरण | अग्नि श्रृंखला (I, II, III, IV, V), पृथ्वी श्रृंखला | ब्रह्मोस, निर्भय |
- अग्नि-V: भारत की सबसे लंबी दूरी की ICBM जिसकी मारक सीमा 5,000 किमी से अधिक है, तीन-चरणीय ठोस-ईंधन वाली मिसाइल, परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम, भारत की रणनीतिक प्रतिरोध क्षमता को बढ़ाती है।
- ब्रह्मोस: विश्व की सबसे तेज सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल (मैक 2.8-3), भारत (DRDO) और रूस (NPO Mashinostroyeniya) के बीच संयुक्त उद्यम, भूमि, समुद्र, वायु और पनडुब्बी से प्रक्षेपित प्रकारों में उपलब्ध।
- पता लगाने में कठिनाई: क्रूज मिसाइलें कम उड़ती हैं और रडार द्वारा पता लगाना कठिन होता है, जबकि बैलिस्टिक मिसाइलों के प्रक्षेपण के बाद अनुमानित प्रक्षेपवक्र होते हैं लेकिन उच्च गति के कारण रोकना कठिन होता है।
कभी-कभी समाचारों में देखा जाने वाला "टर्मिनल हाई एल्टीट्यूड एरिया डिफेंस (THAAD)" क्या है?
Detailed Explanation:
सही उत्तर अमेरिका की एंटी-मिसाइल प्रणाली (विकल्प 3) है। THAAD (Terminal High Altitude Area Defense) अमेरिका द्वारा विकसित एक मिसाइल रक्षा प्रणाली है, जो कम, मध्यम और मध्यम-दूरी की बैलिस्टिक मिसाइलों को उनकी अंतिम उड़ान अवस्था में नष्ट करती है।
THAAD बैलिस्टिक मिसाइलों को पृथ्वी के वायुमंडल के भीतर और बाहर दोनों जगह रोकने में सक्षम है। यह अमेरिका की प्रमुख मिसाइल रक्षा प्रणाली है और दक्षिण कोरिया तथा सऊदी अरब जैसे देशों में भी तैनात की गई है।
अग्नि-IV मिसाइल के संदर्भ में, निम्नलिखित में कौन सा/से कथन सही है/हैं?
- यह एक सतह-से-सतह मिसाइल है।
- यह केवल तरल प्रणोदक द्वारा संचालित होती है।
- यह लगभग 7500 किमी दूर एक टन परमाणु वारहेड पहुँचा सकती है।
नीचे दिए गए कूट का उपयोग करके सही उत्तर चुनिए।
Detailed Explanation:
✅ कथन 1 – सही: अग्नि-IV एक सतह-से-सतह बैलिस्टिक मिसाइल है जो मोबाइल भूमि-आधारित प्लेटफार्मों से प्रक्षेपित की जाती है और जमीनी लक्ष्यों को निशाना बनाती है।
❌ कथन 2 – गलत: अग्नि-IV दो-चरणीय ठोस-ईंधन प्रणोदन का उपयोग करती है, तरल प्रणोदक का नहीं। ठोस प्रणोदक बेहतर भंडारण स्थिरता और त्वरित प्रक्षेपण क्षमता प्रदान करते हैं।
❌ कथन 3 – गलत: अग्नि-IV की रेंज लगभग 4,000 किमी है, 7,500 किमी नहीं। हालांकि यह एक टन पेलोड ले जा सकती है, लेकिन 7,500 किमी रेंज का आंकड़ा गलत है।
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