हमारे देश के शहरों में, निम्नलिखित में से कौन सी वायुमंडलीय गैसों को सामान्यतः वायु गुणवत्ता सूचकांक के मान की गणना में शामिल किया जाता है?
- कार्बन डाइऑक्साइड
- कार्बन मोनोऑक्साइड
- नाइट्रोजन डाइऑक्साइड
- सल्फर डाइऑक्साइड
- मीथेन
नीचे दिए गए कूट का उपयोग करके सही उत्तर चुनिए
Detailed Explanation:
उत्तर: विकल्प 2 — केवल 2, 3 और 4
❌ कथन 1 – गलत: कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) एक ग्रीनहाउस गैस है लेकिन भारत के राष्ट्रीय वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) की गणना में शामिल नहीं है, जो जलवायु परिवर्तन गैसों के बजाय सीधे स्वास्थ्य प्रभाव वाले प्रदूषकों पर केंद्रित है।
✅ कथन 2 – सही: कार्बन मोनोऑक्साइड (CO) राष्ट्रीय AQI के तहत निगरानी किए जाने वाले आठ प्रदूषकों में से एक है; यह अधूरे दहन से बनने वाली विषैली गैस है जो रक्त में ऑक्सीजन परिवहन को कम करती है।
✅ कथन 3 – सही: नाइट्रोजन डाइऑक्साइड (NO₂) को AQI गणना में शामिल किया गया है क्योंकि यह वाहनों के निकास और औद्योगिक प्रक्रियाओं से निकलने वाला प्रमुख प्रदूषक है जो श्वसन समस्याएं पैदा करता है।
✅ कथन 4 – सही: सल्फर डाइऑक्साइड (SO₂) AQI के लिए एक मानदंड प्रदूषक है, जो बिजली संयंत्रों और उद्योगों में जीवाश्म ईंधन जलाने से निकलता है।
❌ कथन 5 – गलत: मीथेन (CH₄) एक शक्तिशाली ग्रीनहाउस गैस है लेकिन राष्ट्रीय AQI गणना में सीधे मापी नहीं जाती है।
नोट: भारत का राष्ट्रीय AQI आठ प्रदूषकों की निगरानी करता है: PM₁₀, PM₂.₅, NO₂, SO₂, CO, O₃, NH₃, और Pb।
Question 11 of 14 वायु प्रदूषण
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