किसी राज्य में मंदिर निर्माण में 'कल्याण मंडप' का निर्माण एक उल्लेखनीय विशेषता थी
Detailed Explanation:
उत्तर: विकल्प 4 — विजयनगर
मंदिर परिसरों में विस्तृत 'कल्याण मंडप' (विवाह कक्ष) का निर्माण विजयनगर साम्राज्य (14वीं-17वीं शताब्दी) की एक विशिष्ट स्थापत्य विशेषता थी। ये अलंकृत मंडप विशेष रूप से देवताओं के औपचारिक विवाह अनुष्ठानों के लिए डिज़ाइन किए गए थे और विजयनगर मंदिर वास्तुकला की पहचान बन गए, जो इसे पूर्व दक्षिण भारतीय शैलियों से अलग करते हैं।
📝 संक्षिप्त नोट्स: विजयनगर मंदिर स्थापत्य
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| कल्याण मंडप | देवता के औपचारिक विवाह के लिए विस्तृत विवाह कक्ष; जटिल नक्काशी से अत्यधिक सजाया गया |
| राय गोपुरम | विशाल प्रवेश द्वार (अक्सर मुख्य गर्भगृह से भी ऊँचे) |
| अम्मन मंदिर | मुख्य देवता की पत्नी को समर्पित अलग मंदिर |
| स्तंभयुक्त हॉल | याली (पौराणिक प्राणी) और दौड़ते घोड़ों की विशेषता वाले विशाल स्तंभ |
| उदाहरण | हम्पी में विट्ठल मंदिर और विरुपाक्ष मंदिर; कांचीपुरम में वरदराज मंदिर |
Question 4 of 7 मंदिर वास्तुकला
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