सत्य शोधक समाज ने क्या आयोजित किया -
Detailed Explanation:
उत्तर: विकल्प 3 — महाराष्ट्र में एक जाति-विरोधी आंदोलन
सत्य शोधक समाज (सत्य खोजने वालों का समाज) की स्थापना ज्योतिराव फुले ने 24 सितंबर 1873 को पुणे, महाराष्ट्र में की थी। इसका मुख्य उद्देश्य निचली जातियों—शूद्रों, दलितों और महिलाओं—को ब्राह्मणवादी प्रभुत्व और सामाजिक शोषण से मुक्त करना था। फुले ने अपने लेखन, विशेष रूप से 'गुलामगिरी' के माध्यम से जाति व्यवस्था को चुनौती दी और महिलाओं तथा दलित वर्गों की शिक्षा के लिए संस्थान स्थापित किए। उनकी पत्नी सावित्रीबाई फुले समाज के महिला अनुभाग का नेतृत्व करती थीं। यह आंदोलन स्पष्ट रूप से महाराष्ट्र में एक जाति-विरोधी सुधार पहल था, न कि बिहार में आदिवासी उत्थान, गुजरात में मंदिर-प्रवेश या पंजाब में किसान आंदोलन से संबंधित था।
Question 2 of 3 जाति-विरोधी और दलित वर्ग आंदोलन
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